Latest News
आरक्षण सिर्फ आर्थिक नहीं प्रतिनिधित्व का सवाल हैः सुदेश
रांची,17फरवरी। आजसू पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष और राज्य के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुदेश कुमार महतो ने कहा है कि आरक्षण सिर्फ आर्थिक आधार का नहीं प्रतिनिधित्व और भागीदारी का सवाल है. साथ ही हिस्सेदारी का मसला है. आर्थिक तौर पर इसे जोड़ कर देखा जाना या इस मुद्दे पर किसी तरह का कदम उठाया जाना बड़ी आबादी के हितों के साथ न्याय नहीं हो सकता।
रविवार को अखिल भारतीय पिछड़ा वर्ग सभा और अखिल झारखंड पिछड़ा वर्ग महासभा के बैनर तले राष्ट्रीय अधिवेशन सह प्रतिनिधि सम्मेलन में बतौर मुख्य अतिथि वे बोल रहे थे. इससे पहले उन्होंने सम्मेलन का उदघाटन किया. उन्होंने कहा कि गरीब सवर्णों को दिए गए आरक्षण के निर्णय का हम स्वागत करते हैं। लेकिन इस प्रदेश में एक बड़ा वर्ग संवैधानिक निर्णय का इंतेजार कर रहा है। उन्होंने कहा कि झारखंड में पिछड़ों को 27 प्रतिशत आरक्षण देने की मांग को लेकर झारखंड पिछड़ा वर्ग महसभा लगातार आवाज उठाती रही है. साथ ही इस मांग पर जोर दी जाती रही है कि ’जिसकी जितनी संख्या उसकी उतनी हिस्सेदारी’. इसके अलावा राज्य के 13 जिलों में जो रोस्टर प्रणाली लागू की गई है, उसमें तत्काल सुधार किए जाने की जरूरत है. सुदेश महतो ने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर और झारखंड राज्य में सामाजिक आर्थिक जनगणना की गई है। जिसको तत्काल सार्वजनिक किया जाय। उस जनगणना में पैसे भी खर्च हुए होंगे. फिर किन परिस्थितियों में उसे ठंडे बस्ते में डाल दिया गया. उन्होंने कहा कि सरकार कोर्ट के आदेशों का हवाला देती रही कि वह 50 फीसदी के दायरे से आगे नहीं बढ़ सकती. लेकिन तामिलनाड़ु, केरला, हरियाणा हिमाचलप्रदेश, आंधप्रदेश में पिछड़ों को 30 से 50 प्रतिशत तक आरक्षण हासिल है. बिहार में ही पिछड़ों को 33 प्रतिशत आरक्षण दिया गया है.
पिछड़ों के साथ झारखंड में बड़ा अन्याय किया जा रहा है : चंद्रप्रकाश चौधरी
सम्मेलन में मंत्री चंद्रप्रकाश चौधरी ने कहा है कि एकीकृत बिहार में हमलोग को 27 प्रतिशत आरक्षण प्राप्त था, लेकिन अलग राज्य गठन के बाद झारखंड में पिछड़ा वर्ग अपने संवैधानिक अधिकार से वंचित हो गया. इस बारे में अखिल झारखंड पिछड़ा वर्ग महासभा ने सरकार के कई बार ध्यान दिलाया गया है। वास्तव में पिछड़ों के साथ झारखंड में बड़ा अन्याय किया जा रहा है. राज्य सरकार और केंद्र सरकार से मैं मांग करता हूं कि झारखंड में पिछड़ों को 27 प्रतिशत का आरक्षण दिया जाए.
उन्होंने कहा कि दूसरे कई राज्यों में 69 से 72 प्रतिशत तक आरक्षण दिया है. झारखंड का पिछड़ा समाज अपने अधिकार के लिए आवाज मुखर करे. आने वाले चुनाव में यह सबसे बड़ा मुद्दा होगा। उन्होंने कहा कि अधिकार लेने के लिए आगे आएं. उन्होंने कहा कि साजिश के तहत पिछड़ों का आरक्षण रोक रखा गया है. इसलिए अखिल झारखंड पिछड़ा वर्ग महासभा के सदस्य और पदाधिकारी गांव- गांव में जाएं और लोगों को एकजुट करें. हमलोगों को यह निर्णय लेना होगा कि पिछड़ा वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण मिलेगा, तो तभी समर्थन दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि आरक्षण को लेकर सरकार को अपना नजरिये में बदलाव लाया जाना चाहिए. अभी मुख्यमंत्री ने जिलों को उपायुक्तों को पिछड़ा वर्ग के बीच सर्वेक्षण कराने का निर्देश दिया है. जबकि पहले ही झारखंड में सामाजिक आर्थिक जनगणना को लेकर सर्वेक्षण का काम किया जा चुका है.
महाधिवेशन में कई प्रस्ताव पारित किए गए जिसमें झारखण्ड में पिछड़ों को 27 प्रतिशत आरक्षण के साथ, अनुसूचित जाति को 14 प्रतिशत आरक्षण , मंडल आयोग के सभी सिफारिशों को देश में लागू करने का प्रस्ताव पारित किया गया। सभा के अंत में इंद्र कुमार सिंह चंदापुरी को अगले राष्ट्रीय अधिविशन तक के लिए अध्यक्ष चुना गया।
सम्मेलन से सर्वप्रथम जम्मू कश्मीर में आतंकी हमले में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि दी गई. सभी लोगों ने दो मिनट का मौन रखा. साथ ही अखिल भारतीय पिछड़ा वर्ग संघ और अखिल झारखंड पिछड़ा वर्ग महासभा देश के साथ खड़ी है. इसके अलावा हाल में ही अखिल भारत पिछड़ा वर्ग सभा के उपाध्यक्ष डॉ एम ए खान की माता के निधन को लेकर भी उन्हें श्रद्धांजलि दी गई.
सम्मेलन में अखिल भारतीय पिछड़ा कर्मचारी संघ के अध्यक्ष प्रदीप ढोबले, पूर्व डीआईजी सुबोध प्रसाद, एआईबीसीएफ उत्तरप्रदेश के संयोजक डॉ कौशलेंद्र, चन्नेई से जी करूणानिधि, मूलनिवासी महिला संघ की सुमिता पाटिल, संघ के राष्ट्रीय महासचिव और झारखंड प्रभारी सुशील कुमार सिंह तथा अखिल भारतीय कुरमी महासंघ बरेली उत्तरप्रदेश के सीएल गंगवार, कार्यकारिणी समिति के सदस्य डॉ वैजनाथ प्रसाद यादव, झारखण्ड के प्रदेश अध्यक्ष संजय प्रसाद कुशवाहा आदि ने संबोधित किया।
Latest News
Lieliska balona piedzīvojuma pozīcija hitnspin pieteikšanās datorā H5G laikā Harbors reklāmas pasākuma laikā
Raksti
Kas nav saistīts ar kādu citu spēļu automātu, bet iedomājieties, ka iegūstat maksimālu uzvaru uz desmit hitnspin pieteikšanās datorā dolāru likmi – tā, visticamāk, iztērēsiet desmit tūkstošus dolāru. Šajās piedzīvojumu iedvesmotajās ostās ir vienkārši viss, ko var piedāvāt kādam, kurš atgriežas. Tomēr jums nav jāspēlē viens un tas pats spēļu automāts visu laiku, tāpēc jums vajadzētu pieminēt šo lielo spēļu automātu industrijas kategoriju. (more…)
Latest News
1 250+ Spielautomaten Online Glücksspiel Slots kostenlos abzüglich Eintragung vortragen
Sic profitierst Du durch dem Effizienz, wirklich so Respons nebensächlich Echtgeld obsiegen ferner lohnenswert zulassen kannst. Unter anderem sie sind diese WMS Spiele auf diese weise für etliche Glücksspieler maßgeblich spannender. (more…)
Latest News
Akcijas hitnspin kontakts Latvijā Spēles
Mūsu vestibilā ir pieejams plašs sadaļu klāsts, sākot no klasiskām klasiskajām pieslēgvietām līdz Megaways un beidzot ar modernām video spēļu automātu spēlēm, kas piedāvā inovatīvus risinājumus, lai palielinātu jūsu peļņu. Spēļu fanātiķi var kļūt arī par daļu no valsts populārākās tiešsaistes spēles, kas piedāvā augstas atdeves spēlētājam (RTP) likmes, laimestu izmaksas, papildu bonusa pirkumus un daudz ko citu. (more…)
